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पृष्ठ:ओथेलो.pdf/७९

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....... ( ५४ ) को किसी बातपर जुकाऊँगा जिससे सारे टाके लोग चिढ़ लेंगे। देखो वे यहां भाते हैं। जो बैली ही बात हो, जैसा मैंने किया विचार । वरुण पवन मिल सानुकूल हो, लगता बेड़ा पार । ( केसियो का पुनः प्रवेश, उसके साथ मीनलेना और कुछ- पुरुष आते हैं । ) केरिया मी पिला दिया है। साक्षी है इन्होंने एक बड़ा दिलास सोतो की शपथ है यह छोटा था भी न था । सैनिक सत्य भावा नहीं करते हैं। यागो-रे थोडी मदिरा लायो | ( गाता है ) प्याली बजा में ना टन टन टन याली बजाऊँ मन क्रम से देन, सैनिक भी तो हैं एक जन, चार दिवसका है जीवन । पीने से दो फिर भरमन, प्याती बजाऊँ मैं टनटनन ॥ लड़को कुछ मदिरा लाखो । ( मदिरा लाईजाता है } केसियो-ईश्वर की शपथ यह अत्युत्तम राम यागो-मैंने rest इंगलिस्तान में सोचा है जहाँ के लोग निःसन्देह घनघोर पियक्कड़ हैं । आपके जर्मन, डेनमार्क निवासी, मापके बड़ी तोंदवाले दौलेंडी, अंग्रेजों के सामने कुछ चीज़ नहीं हैं, अच्छा थियो । केसियो तो क्या अंग्रेज लोग दारू पीते में ऐसे घुरंधर हैं ? यागो - अंग्रेज बड़े मजे में, पोता है, डेनमार्क वाली तो नशे में चकनाचूर होजाता है, उसके लिये पीने में जर्मन को हराना कोई बड़ी बात नहीं है, होडीको तो वह ऐसा मत बना देता है कि दूसरी