डायरी : १९१२ दाउद मुहम्मदको हुसेनके बारेमें और वेस्टको तार देनेका और डाक टिकट कैलेन कसे जॉनके लिए रोकड़ बाकी मार्च ८, शुक्रवार ०. ४. ३. 0. ६ ° ५. १९. १० पत्र डाले - वेलशी, नाथलिया, आंगलिया, और जो० ब० के अन्य लोगोंको | नाथलियाको तार । ३७३ लिखा- मैनेजर, 'इं० ओ० ' अनी, डेलानी, वेलशी डी' वेरेको लिखा। श्लेसिन, कैलेनबैक, शेलत आये । नाथलियाको तार ०. १. o मार्च ९, शनिवार आमद भावात [ ? ] और कै० के सिवा सब फार्मसे लौट आये । श्लेसिन प्रातःकाल आई और वापस गई । बॉक्सबर्गसे गजाधर मुझे लिवाने आये । लड़कोंको किराया हनीफको किराया ०. ११. ८ .२. ११ धलेडसे प्राप्त हनीफको दिया रिक्शा ३. 0. ° ५. ६ ०. 0. ९ मार्च १०, रविवार बॉक्सबर्ग गया, मेढ और अन्य साथ गये। दो बजेकी गाड़ीसे लौटा । ४ बजे भायात के बारेमें सभा हुई । रेल- किराया दिया दुलाई आदि ९. ६ ४. ६ मार्च ११, सोमवार मेढ और देसाई डर्बन गये । लड़के सोराबजी और जमनादासके साथ फार्मपर वापस आ गये । भगा छोटा और टीकलीका बेटा आये । भगा छोटाके लिए प्राप्त डाह्या प्रभु फोनका मेढके सम्बन्धमें तार रोकड़ बाकी २. ०. ० १. १०. ० 0. १. o 0. १. 0 ८. १३. ९ मार्च १२, मंगलवार विटेकर आये, कै० शामको आये । रिचको पत्र, रुस्तमजीको भी। वेसनराम [ ? ] । रातको पत्र - हरिलाल ठक्कर, मणिलाल, छगनलाल, रत्नम्, 'इं० ओ० ', मेढ, रुस्त- मजी, श्लेसिनको । Gandhi Heritage Porta
पृष्ठ:सम्पूर्ण गाँधी वांग्मय Sampurna Gandhi, vol. 11.pdf/४०९
दिखावट