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बारह
| २७. | पत्र : वी० वी० दास्तानेको (१७-२-१९२६) | २४ |
| २८. | पत्र : हैरॉल्ड मैनको (१७-२-१९२६) | २५ |
| २९. | पत्र : मोतीबहन चौकसीको (१७-२-१९२६) | २५ |
| ३०. | पत्र : रामदास गांधीको (१७-२-१९२६) | २६ |
| ३१. | आजकी चर्चाका विषय ( १८-२-१९२६) | २६ |
| ३२. | जेल या “अस्पताल" (१८-२-१९२६) | २९ |
| ३३. | पाँच हजार मील दूर (१८-२-१९२६) | ३१ |
| ३४. | खादीकी प्रगति (१८-२-१९२६) | ३२ |
| ३५. | बदसे बदतर (१८-२-१९२६) | ३४ |
| ३६. | पत्र : पुरुलिया कुष्ठ आश्रमके अधीक्षकको (१९-२-१९२६) | ३५ |
| ३७. | पत्र : आ० टे० गिडवानीको (१९-२-१९२६) | ३५ |
| ३८. | पत्र : विनोबा भावेको (१९-२-१९२६) | ३६ |
| ३९. | पत्र : शार्दूलसिंह कवीसरको (२०-२-१९२६) | ३६ |
| ४०. | पत्र : जीवनलालको (२०-२-१९२६) | ३७ |
| ४१. | विधवा-विवाह (२१-२-१९२६) | ३८ |
| ४२. | मौन- सेवा (२१-२-१९२६) | ४० |
| ४३. | टिप्पणी : 'गांधी-शिक्षण' (२१-२-१९२६) | ४१ |
| ४४. | पत्र : डी० हनुमन्तरावको (२१-२-१९२६) | ४१ |
| ४५. | पत्र : रेवरेंड कार्नीलियस ग्रीनवेको (२१-२-१९२६) | ४३ |
| ४६. | पत्र : मोतीबहन चौकसीको (२१-२-१९२६) | ४४ |
| ४७. | तार : सोराबजीको (२२-२-१९२६) | ४४ |
| ४८. | पत्र : एस० आर० स्कॉटको (२३-२-१९२६) | ४५ |
| ४९. | पत्र : नवरोजी खम्भाताको (२३-२-१९२६) | ४६ |
| ५०. | पत्र : मोतीबह्न चौकसीको (२३-२-१९२६) | ४६ |
| ५१. | पत्र : गोपबन्धु दासको (२४-२-१९२६) | ४७ |
| ५२. | पत्र : सुहासिनी देवीको (२४-२-१९२६) | ४७ |
| ५३. | 'हमें रुई दो!' ( २५-२-१९२६) | ४८ |
| ५४. | हमारा अपमान ( २५-२-१९२६) | ४९ |
| ५५. | एक विद्यार्थीके प्रश्न ( २५-२-१९२६) | ५० |
| ५६. | दोषको छोटा साबित करनेके लिए (२५-२-१९२६) | ५३ |
| ५७. | पत्र : के० श्रीनिवासनको ( २५-२-१९२६) | ५४ |
| ५८. | पत्र : सी० श्रीनिवास रावको (२५-२-१९२६) | ५५ |
| ५९. | पत्र : मथुरादास त्रिकमजीको (२५-२-१९२६) | ५६ |
| ६०. | पत्र : डाह्याभाई म० पटेलको (२५-२-१९२६) | ५६ |