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पृष्ठ:सम्पूर्ण गाँधी वांग्मय Sampurna Gandhi, vol. 33.pdf/५६५

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तारीखवार जीवन-वृत्तान्त ( २१ जनवरीसे १५ जून, १९२७ तक) २१ जनवरी : गांधीजी चम्पारन पहुँचे । २२ जनवरी : चम्पारन आन्दोलनकी याद दिलाते हुए मोतीहारीमें भाषण । २३ जनवरी : वल्लभभाईको लिखे अपने पत्रमें उनसे काठियावाड़ राजनीतिक परिषदकी अध्यक्षता स्वीकार करने को कहा । बेतियाके अपने भाषण में वे कताईको शिक्षा-पाठ्यक्रम में शामिल करने, गोरक्षा और अस्पृश्यता निवारणके सम्बन्धमें बोले । २४ जनवरी : घनश्यामदास बिड़लाको लिखे अपने पत्र में 'शुद्धि' के सम्बन्धमें अपने विचार प्रकट किए । २५ जनवरी: मुजफ्फरनगरमें गांधीजी प्रान्तीय खद्दर भण्डार, नगरपालिका आयुर्वेदिक औषधालय, रामकृष्ण मिशन तथा अस्पृश्योंका स्कूल देखने गये । फ्री प्रेस ऑफ इंडिया' के प्रतिनिधिको दी अपनी भेंटमें उन्होंने अमेरिका आनेके निमन्त्रणको स्वीकार न करनेका कारण समझाया । विद्यार्थियों की सभा में भाषण । २६ जनवरी : बेगूसरायकी सार्वजनिक सभामें भाषण । २७ जनवरी : खड़गपुर और जमुई में भाषण । २८ जनवरी : बिलौंटी और आराकी सभाओं में बोले । २९ जनवरी: ससराम और मोहानीमें भाषण दिए । ३० जनवरी: पटनामें बिहार विद्यापीठमें दीक्षान्त भाषण | १ फरवरी : कलकत्ता पहुँचे । २ फरवरी : गांधीजीने मध्य-प्रान्त और बरारका अपना दौरा प्रारम्भ किया । तुमसर में भाषण । ३ फरवरी : नागपुर में देशबन्धु स्मारक कोषके लिए अपील । ४ फरवरी : चांदामें भाषण । ५ फरवरी : यवतमालमें शापुरजी सकलातवालासे भेंट की । नगरपालिका द्वारा दिये मानपत्रके उत्तर में भाषण । ६ फरवरी : अमरावती पहुँचे । अकोलामें अस्पृश्यतापर भाषण । ८ फरवरी : खामगाँवमें राष्ट्रीय पाठशाला के अध्यापकोंके समक्ष भाषण । ९ फरवरी : पाचोरामें तिलक स्वराज्य कोषपर भाषण । १० फरवरी : जलगाँव में गांधीजी विद्यार्थियोंके कताई प्रदर्शन में शामिल हुए, महिलाओं की सभा में बोले, पिंजरापोल देखने गये और चैतन्य मण्डलके सदस्योंसे मिले । सार्वजनिक सभा और अस्पृश्योंकी सभा में भाषण । Gandhi Heritage Portal