१२७. पत्र: नाजुकलाल नन्दलाल चौकसीको
१३ जुलाई, १९२९
तुम्हारा पत्र मिला। मोती दो या तीन महीनेके बाद आये तब मैं तो यहाँ नहीं रहूँगा। इसके सिवा बीमारीको लम्बा खींचना भी ठीक नहीं है। मोतीको तुरन्त भेजनेमें क्या अड़चन है?
बापूके आशीर्वाद
गुजराती (एस॰ एन॰ १२१४५) की फोटो-नकलसे।
१२८. 'फैडिस्ट' अर्थात् सनकी
'फैडिस्ट' शब्दका अर्थ देनेमें पाठकोंने काफी मदद की है। चार स्थानोंसे 'धुनी' शब्द आया है। यह शब्द सुझानेवालोंमें से एक बहन है। वह अंग्रेजी नहीं जानती; किन्तु गुजरातीमें मैंने जो व्याख्या की थी, उस परसे उसे सहज ही 'धुनी' शब्द सूझा और यही शब्द 'फैडिस्ट' शब्दका सबसे ज्यादा अर्थ देता है। दूसरे कई लोगोंने 'चक्रम' [पागल] शब्द भेजा है। 'फैडिस्ट' 'चक्रम' कदापि नहीं होता। 'चक्रम' के लिए अंग्रेजीमें एक अच्छा शब्द है 'मैडकैप'। एक और शब्द 'दाधारींगो' [पागल] भी मिला है; किन्तु यह भी ठीक नहीं बैठ सकता।
अंग्रेजी और गुजराती दोनों भाषाओंके जानकारके लिए दोनों भाषाओंके पर्यायवाची शब्द ढूँढना मनोरंजक काम है। यदि कोई ऐसा पर्याय-कोष बनाया जाये तो वह एक उपयोगी चीज होगी। मेरे इस निर्दिष्ट कोषके क्षेत्रमें अंग्रेजीके वाक्य गुजरातीमें और गुजरातीके वाक्य अंग्रेजीमें रचकर अर्थ देनेका काम नहीं आता। मेरी कल्पनाके शब्दकोषमें तो रोज व्यवहारमें आनेवाले अंग्रेजी-गुजराती शब्दोंके लगभग एक-से अर्थके शब्द होंगे। सावधान भाषा-प्रेमी थोड़े समयमें ही एक ऐसा छोटा-मोटा शब्दकोष तैयार कर सकता है। मेरे जैसा जो व्यक्ति गुजराती बोलते समय अंग्रेजी शब्द इस्तेमाल न करना चाहे तो उसके लिए ऐसे छोटेसे किसी कोषकी बड़ी उपयोगिता होगी। जिनमें शक्ति हो, शौक हो और पासमें समय हो, वे सज्जन ऐसा शब्दकोष तैयार करें और मुझे भेजें। यदि वह उपयोगी हुआ तो उसे 'नवजीवन' में प्रकाशित कर दिया जायेगा और यदि पारिश्रमिक जरूरी माना गया तो वह कुछ पारिश्रमिक देनेकी व्यवस्था भी करेगा।
नवजीवन, १४-७-१९२९