पृष्ठ:हिन्दी विश्वकोष नवम भाग.djvu/१०१

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पनि भारतकी पत्तिया पर पदार्पण किया था। पयो कामोरी एक मामा नाम । . धावी साचात्मावले अधिकारमुक्त करने के लिए इनका "बहण्ठयत् प्रजामिन गाको काम देशिक .. उक्त पदय वृणितहीनता अवलम्बन करने में तनिक भी , ... (राजतर. ०११) विचलित नहीं पा था 'नीने बहुत से सत्कार्याशा भी डसनाचार्य-निवप मामय सततके एक प्रसित अनुष्ठान लिया था, परन्तु वे पसवाय के अथाह पानीमें टीकाकार। ये जातिकबाब घे। इनके पिताका नाम इमे हुए हैं. एकछवालिके विशेष पक्षपाती होनेके भरत था। कारण उनका सुयश स्फूर्तिको प्राण नको मका । कुछ भी उवह (हि.पु. ) उमरू देखा। हो, बहुतने प्रेज ऐतिहासिकोंने इनको एक श्रेष्ठ वित्य स. पु.) १ काठमय मग. काठका बना पाग। गजनोतिकुशल बतलाया है। किन्तमारतोयों पर इन्होंने "डिस्थ: काष्ठमयो हनी डवित्यस्तम्मयो मृगः" (सामना) विरोष पन्याय किया था पौर ये ही परवर्ती सिाहो २ द्रष्यवाचि चाभेद । विद्रोह (गदर) के मूल कारण थे, इसमें कुछ भी 'इष्पगम्दाः एकव्यक्तिवाचिनो हरिहरहित्यविधादयः।" अत्यति नहीं है। डिकि का नाम ले कर पयोध्या पर (साहित्यदर्पण) अधिकार करते ममय उन्होंने जो सत्यका अपलाप किया उस (हि. सी०) १ मधविशेष, एक प्रकारको पराव । था, उससे इनको मत्यनिष्ठा पर सन्देह होता है। २ पलड़े बंधे रहनेकी तराजूकी डोरी. जोतो। कई इनके समयमें कम्ममोको गासमरीतिका एक प्रधान पादिका वर किनारा जहाँ लम्बाई समारोहोर। परिवर्तन हुपा था। १८५३ के २० अगस्तको उमन (हि.स.) उसनको शिया या भाव । २ उसने. पामिण्ट-सभाम स्थिरीकत हुपा कि, जब तक पारो- का ढंग । मेण्ट कोई नवीन पादेश न दे, तब तक मण्डी खरी. डसना (हि.नि.) १ सॉप पादि विषो कोड़ोंबा को प्रजा और कम्मनोका पधिवत राज्य ले रहे खरीके काटना । २ अंक मारना। प्रतिनिधिस्वरूप कम्पनी के ही शासनाधीन रहेगा। थोड़े उसवामा ( नि) डागा देगे। हो दिन में कुछ परिवर्तन होगा, इस पाशासे कम्पनीके उसामा ( EिR ) दाँतसे कटवाना। . स्ववाधिकारियोनि डिकिगेको संख्या घटा कर २४ वी डाकना (हिं कि०) १स करना, धोका देना, उनमा। जगह १२ कर दिये। इन १२ डिरेक मिसे को राजी २ ललचाना । ३ बिलखना, विलाप करमा। विस्तत चुनेंगी और । अधिकारियों द्वारा नियुक्त होंगे। इसके करना फैलामा, हितरामा । ५ गरजना कारना। साथ ही और एक नियम एषा कि, पहले डिरेकरगण उहकाना (हिं.कि.)१ मष्ट बरना, गवामा । विशेष विशेष व्यक्तियोको भारतके मिस्टेण्ट मार्जन और वधितोमा, ठगा जाना। एइल करना, धोखा देना। सिविल सर्व एटके कार्य में नियुक्त करते थे; अबसे ऐमा डाहा (हि. वि०) साहातापा, तांबा. रा. नियम मा कि माधारणको प्रतियोगी परोषाहारा उत भरा। २ प्राषित, प्रसका पानन्दित ।१ टटका, ताजा. पद पर कर्मचारी नियुक्त होंगे। डलहौसीके समय में हो तुरन्तका। सेफ्टमाण्ट गवर्नरक पदको ष्टि हुई। उहाहाना (हि.नि.) सासामा पराभरा होना। उसक (मलो. ) १ वंशादिनिर्मित पाविशेष, बाँस . २ प्रसव होना, खुम होना। उहाव ( पु.) असता, प्रसवता, ताजगो। इत्यादिको फरियों का बना पा बरतन, उमा, दोग। पान( पु.) १ परपर किसी ब्रतमें दोरमें खाद्य पदार्थ, उपवीत पौर वस्त्र दे मा.(सी.) २ जलन, दाह। करमानोंको दान देना चाहिए। डमा (हि.जि.) भस्म होना, मोना, बबना । "प्रियतब व्यधिक उसके बस संयुतं । २.२ष करना, ना, बिना। ३ सन्तन करना, पभोग्य सोपवीत सोपहार मनोहर ( पु) VoL IX.25