पृष्ठ:हिन्दी विश्वकोष पंचदश भाग.djvu/१८१

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बनखोर-पनजात १७५ पुर तहसीलका एक प्रधान नगर। यहां प्रेट इण्डियन नगरसे थोड़ी दूर पर होरेकी एक खान है। १८वीं रेलपथका एक स्टेशन है। . शताब्दीमें उससे प्रचुर हीरा निकाला गया था। १८००- बनखोर (हिं पु०) कौर नामका पेड़। कोर देखो। १८५० ई० तक यहां अति मूल्यवान् पत्थर पाये गये थे, बनगणपल्ली-१ मन्दाजप्रदेशके कर्नूल जिलान्तर्गत एक किन्तु उसके बादसे बहुत कम मिलने लगे। अभी जितना सामन्तराज्य। यह अक्षा० १५ २०३० से १५ २८ पत्थर निकाला जाता है उससे केवल मजदूरोंका खर्च ५०"उ० तथा देशा० ७८१४४ से ७८ २५३० पू०- भर चलता है। के मध्य अवस्थित है। भूपरिमाण २५५ वर्गमील है। बनगाँव--- , बङ्गालके यशोर जिलेका उपविभाग। यह कुन्दर नदीके पश्चिम अववाहिका प्रदेश ले कर यह · अक्षा० २३ २६ उ० तथा देशा० ८८.४० से ६६२° पू० राज्य संगठित है। जरेरू नामक नदी इसके मध्यदेश के मध्य अवस्थित है। भूपरिमाण ६४६ वर्गमील और हो कर बहती है। इसमें १ शहर और ६४ ग्राम लगते जनसंख्या ३ लाखसे ऊपर है। इसमें १ शहर और ७६४ हैं । बनगणपल्लो नगर ही इसकी राजधानी है। चतुर्थांश ग्राम लगते हैं। जमीन इस राजाकी परती रहती है। अवशिष्टांशमें २ उक्त उपविभागका एक नगर। यह अक्षा० २३ नील, रुई और उड़द उत्पन्न होती है। सूती और रेशमी ३ उ० तथा देशा० ८८ ५० पू०के मध्य अवस्थित है। कपड़े का भी विस्तृत कारवार है। । जनसंख्या प्रायः ३६६० है। यहां बेङ्गल सेण्ट्रल रेल १७वीं शताब्दीमें मुगलसम्राट् औरङ्गजेबने अपने कम्पनीका कारखाना और द्राफिक आफिस विद्य. वजोरके लड़के महम्मद बेग खाँको यह स्थान समपंण मान है। किया। तीन पीढ़ी तक बेग-वंशधरोंने यहाँ राजा किया। बनगाव ( हि० पु०) १ एक प्रकारका बड़ा हिरन । इसे अन्तिम राजा अपुत्रक थे, इस कारण निजामने १७६४ : रोझ भी कहते हैं। २ एक प्रकारका तेदू वृक्ष । ई०में यह सम्पत्ति वर्तमान अधिकारियोंके पूर्वपुरुषको दान बनचर ( हिं० पु० ) १ जंगल में रहनेवाला पशु, वन्य पशु । कर दी थी। १८०० ई०में निजामने इसका शासनभार २ बनमे रहनेवाला मनुष्य, जंगली आदमी। ३ जलमें अंगरेजोंके हाथ सौंपा। सरदारोंको शासनविश्ङ्खला रहनेवाला जोव । देख कर १८२५-१८४८ ई० तक कड़ापाके राजस्व संग्रा- बनचरी ( हि स्त्री० ) १ एक प्रकारकी जंगली घास हक ( Collector ) ने इसका परिचालन-भार ग्रहण जिसकी पत्तियां ग्वारकी पत्तियोंकी तरह होती हैं । (पु०) किया। पीछे मन्द्राजके गवर्नरने फिरसे यह सरदारोंके २ जंगली पशु । हाथ सौंपा। तभीसे दीवानी और फौजदारी शासना- बनवारी (हिं० पु० ) १ बनमें घूमनेवाला। २ बनमें पली सरदारके द्वारा परिचालित होती आ रही है । १८७६ रहनेवाला आदमी। ३ जङ्गली जानवर । ४ मछली, ई में भारतके भूतपूर्व सम्राट ७म एडवर्ड जब भारतवर्ष मगर, घड़ियाल, कछुवा आदि जलमें रहनेवाला पधारे थे, उस समय उन्होंने यहांके सरदारको नवाबको जंतु उपाधि दी थी। राजाके बड़े लड़के ही राजाके उत्तरा- वनचौर (हिं. स्त्री ) नेपालके पहाड़ोंमें रहनेवाली एक धिकारी होते हैं। पुत्रके अभावमें सरदार किसी आत्मीय प्रकारको जंगली गाय। इसकी पूंछकी चवर बनाई को सिंहासन पर बिठा सकते हैं। राजस्वका अधिकांश जाती है, सुरा गाय। नवाबके आत्मीय १८ जागीरदारोंके भरण पोषणमें खर्च बनज (हिं० पु०) १ कमल । २ शङ्क, कमल, मछली होता है । बचो खुची आयसे वे अपना काम चलाते हैं। आदि जलमें होनेवाला पदार्थ । ३ वाणिज्य, व्यव- २ उक्त सामन्तराज्यका प्रधान नगर और सदर। साय। यह अक्षा० १५१५ उ० तथा देशा० ७८ २० पू०के बनजर ( हिं० स्त्रो०) जर देखो। मध्य अवस्थित है। यहां नवाबका प्रासाद विद्यमान है। बनजात (हिं. पु. ) कमल ।