पृष्ठ:हिन्दी विश्वकोष पंचदश भाग.djvu/४०१

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विम्बी-विरिया कहते हैं, कि ये पहले शाक्त थे, पर पीछे बुद्धके उपदेशसे विरतिया (हि.पु. ) हजाम या बारी आदिको जातिका बौख हो गये। वह व्यक्ति जो विवाह संबध ठीक करनेके लिये वर-पक्ष बिम्बी (सं०त्रो०) बिम्ब-गौरादित्वात् डोष । बिम्बिका। की ओरसे कन्याबालोंके यहां अथवा कन्या-पक्षसे वर- विम्बु (सं० ली०) गुवाक, सुपारी। पक्षको योग्यता, मर्यादा, अवस्था आदि देखने के लिये बिम्वौष्ठ (सलि०) बिम्बि-ओष्ठ 'ओत्वोष्ठयोः समासे जाता है। वा' इति पाक्षिकोऽकारलोपः, विम्बे इव ओष्ठौ यस्य । बिरथा ( हि वि० ) १ व्यर्थ, निरर्थक । २ विना किमी जिसके होंठ विम्बफलके समान हों। कारणके। वियर (अ० स्त्री०) एक प्रकारकी हलकी अंगरेजो बिरद (हि.पु.) १ बड़ाई, यश । २ विरद देखो। शराब जो जौकी बनी होती है और जिसे प्रायः स्त्रियाँ बिरदैत (हि.पु०) १ बहुत अधिक प्रसिद्ध वीर या योद्धा। पीती हैं। (वि.)२ प्रसिद्ध, नामी। बियरसा ( हिं० पु.) एक प्रकारका बहुत ऊँचा वृक्ष जो विरध ( हि० वि० ) वृद्ध देखो। पहाड़ोंमें ३००० फुटकी ऊंचाई तक होता है। इसको बिरधाई ( हि स्त्री० ) वृद्धावस्था, बुढ़ापा । लकड़ी कुछ लाली लिए काले रंगकी, बहुत मजबूत और बिरधापन ( हि पु०) १ वृद्ध होनेका भाव, गुढ़ापा । २ कड़ो होती है। लकड़ी प्रायः इमारत और मेज-कुरसा बद्ध होनेकी अवस्था, वृद्धावस्था । मादि बनानेके काममें आती है। इसमें एक प्रकारके बिरमना (हिं० क्रि० ) १ आराम करना, सुस्ताना । २ सुगन्धित फूल लगते हैं और गोंद भी होती है जो कई ठहरना, रुकना। ३ मोहित हो कर फंस रहना । कामोंमें आती है। | बिरमाना ( हि क्रि० ) १ व्यतीत करना, बिताना । २ बियाड़ (हिं० पु.) वह खेत जिसमें पहले बीज़ वोए जाते | रोक रखना, ठहराना। मोहित करके फंसा रखना। हैं और छोटे छोटे पौधे हो जाने पर जहांसे उखाड, कर विरला ( हि वि० ) कोई कोई, इक्का दुक्का। दूसरे खेतमें रोपे जाते हैं। | बिरवा ( हिं० पु०) १ वृन । २ पौधा । ३ चना, बूट । बियान (हिं० पु०) प्रसव, बच्चा देनेकी क्रिया। २ बिरवाही ( हि स्त्री०) १ वह स्थान जहां छोटे छोटे बच्चा देनेका भाव । यह शब्द विशेषतः पशुओं के लिये पौधे उगाये गये हों। २ छोटे पौधोंका कुज या बाग। प्रयुक्त होता है। बिरषभ ( हिं पु० ) वृषभ देखो। वियाना (हिं कि० ) बच्चा देना, जनना। बिरसन (हिं० पु०) विष, जहर । बियाबान (फा० पु०) ऐसा उजाड़ स्थान या जंगल जहाँ बिरही (हिं पु० ) वियोगसे पोड़ित पुरुष, वह पुरुष जो कोसों तक पानी न मले अपनी प्रेमिकाके विरहसे दुःखित हो। दियो (हिं पु० ) बेटेका बेटा, पोता ।। | बिराजना (हिं क्रि० ) १ शोभित होना, शोभा देना। विरंग (हिं० पु०) १कई रंगोंका, जिसमें एकसे अधिक | २ बैठना। रंग हों। २ बिना रंगका, जिसमें कोई रंग न हो। बिरादर (फा० पु०) भ्राता, भाई। विरंज (फा० पु.) १ चावल । २ पका हुआ चावल, बिरादरी (फा० स्त्री०) १ वन्धुत्व, भाईचारा ।२ जातीय भात। समाज, एक ही जातिके लोगों का समूह । विरंजो (फा खो०) लोहेकी छोटी कील, छोटा कांटा। बिराना (हिं कि० ) मुंह चिढ़ाना । बिरगिड (मं स्त्री०) १ सेनाका एक विभाग जिसमें बिरियां (हिं. स्त्री० ) १ समय, वक्त। २ वार, वफा । कई रेजिमेंटें या पलटने होती हैं। २ काम करनेवालोंका बिरिया (हि. स्त्री० ) १ चाँदी या सोनेका बना हुआ कोई ऐसा दल जो एक ही तरहकी वर्दी पहनता हो कानमें पहननेका एक गहना । यह कटोरीके आकारकी और एक ही भधिकारीकी अधीनतामें काम करता हो। होती है। २ चलैक बेलनमेकी कपड़े या लकड़ीकी वह