पृष्ठ:राबिन्सन-क्रूसो.djvu/३९२

विकिस्रोत से
Jump to navigation Jump to search
यह पृष्ठ शोधित नही है


चीन में क्रो । ३६७ शासनप्रणाली अपूर्णसैन्य अशिक्षित और वैज्ञानिक विषय की अनभिज्ञता आधिकतर देखने में आई । हम लोग चीन की राजधानी पेकिन देखने चले । उस समय एक प्रादेशिक ने शासनकर्ता पेकिन जारहे थे । हम उन्हींके साथ हो लिये । चीन के सभी स्थान मनुष्यों से भरे थे किन्तु अधिकांश लोग दरिद्र और मूर्ख थे । तथापि इस अवस्था पर भी लोगों के आहकार का अन्त नहीं । चीन के हाकिम राजधानी के जारहे हैं । रास्ते के लोग उनके लिए रसद जमा करते हैं हैं। वे अपने खर्च से फ़ज़िल चीजें हम लोगों के हाथ बेच कर मज़ में चार पैसे पैदा कर रहे हैं । उस पर भी ये राजप्रतिनिधि हैं । रास्ते में कोई दुर्घटना नहीं हुई । केवल एक दिन एक छोटी सी नदी पार होने के समय मेरा घोड़ा, पाँव पिछलने से, गिर पड़ा और बेवक्त मुझे स्नान करा दिया। पचीस दिन रास्ता चल कर हम लोग पेकिन पहुंचे । हम पाँच आदमी थे । मैं, मेरे भतीजे का दिया हुआ नौकरमेरा साझेदार अँगरेज़, उनका नौकर और वृद्ध महाशयन। ये भी में पेकिन देखने हमारे साथ आये थे । एक दिन वृद्ध ने मेरे पास आकर हंसते हंसते कहा “एक बहुत अच्छी ख़बर है, सुनने से आप लोग खुश होंगे । । वह संवाद सुनने के लिए हम लोगों ने उत्सुक होकर पूछा। उन्होंने कहा—व्यापारियों का एक दल स्थलमार्ग से साइ वीरिया होकर यूरोप जा रहा है। हम लोग चाहें तो उनके साथ यूरो लौट जा सकते हैं।