संत-काव्य/विषय-सूची
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विषय-सूची | ||
| भूमिका | पृष्ठ-संख्या |
काव्य-परिचय हिंदी काव्यवारा, संत परंपरा, संतमत, संत-साहित्य, संत काव्य (काव्य का आदर्श, रहस्यवाद, दाम्पत्यभाव रस अलंकार, उल्टवासी, प्रकृति-चित्रण, संगीत-प्रेम, छंद, भाषा) उपसंहार १-१२९,
| १. प्रारंभिक युग (सं॰ १२००–१५५०) | |
| (१) सामान्य परिचय | १३१-३३ |
| (२) संत जयदेव | १३३-३७ |
| (३) संत सधना | १३७-३९ |
| (४) संत वेणी | १३९-४१ |
| (५) संत त्रिलोचन | १४१-४२ |
| (६) संत नामदेव | १४२-५४ |
| (७) स्वामी रामानंद | १५४-५५ |
| (८) संत सेनानी | १५५-५६ |
| (९) संत कबीर साहब | १५६-२०९ |
| (१०) संत पीपाजी | २०९-१० |
| (११) संत रैदासजी | २१०-२५ |
| (१२) संत कमाल | २३५-२७ |
| (१३) संत बना भगत | २२८-३० |
| २. मध्ययुग (पूर्वार्द्ध सं॰ १५५०-१७००) | |
| (१) सामान्य परिचय | २३२-३४ |
| (२) संत जंभनाथ | २३४-३५ |
| (३) गुरु नानक देव | २३५-५२ |
| विषय | पृष्ठ-संख्या |
| (४) शेख फ़रीद | २५२-५५ |
| (५) गुरु अंगद | २५५-५७ |
| (६) गुरु अमरदास | २५७-६७ |
| (७) सिंगाजी | २६७-७१ |
| (८) संत भीपन जी | २७१-७२ |
| (९) गुरु रामदास | २७२-७९ |
| (१०) संत धर्मदास | २७९-८२ |
| (११) संत दादूदयाल | २८२-९७ |
| (१२) गुरु अर्जुनदेव | २९७ -३०९ |
| (१३) संत वपनाजी | ३०९-१३ |
| (१४) संत बावरी साहिबा | ३१४-१५ |
| (१५) संत वीरू साहब | ३१५-१७ |
| (१६) संत गरीबदास जी (दादूपंथी) | ३१७-२१ |
| (१७) संत हरिदास (निरंजनी) | ३२१-२८ |
| (१८) संत आनंदघन | ३२८-३३ |
| (१९) संत भीपजनजी (दादूपंथी) | ३३३-३६ |
| (२०) संत वाजिंदजी (दादूपंथी) | ३३६-४० |
| (२१) गुरु तेगबहादुर | ३४०-५१ |
| (२२) संत मलका | ३५१-६० |
| ३. मध्य युग (उत्तरार्द्ध सं॰ १७००–१८५०) | |
| (१) सामान्य परिचय | ३६२-६५ |
| (२) संत बाबालाल | ३६५-६६ |
| (३) संत तुरलीदास (निरंजनी) | ३६६-६९ |
| (४) संत रज्जवजी | ३६९-८४ |
| (५) संत सुन्दरदास (छोटे) | ३८४-९४ |
| विषय | पृष्ठ-संख्या |
| (६) संत यारी साहब | ३९५-९८ |
| (७) बाबा धरनी साहब | ३९९-४०७ |
| (८) संत बूला साहब | ४०७-१३ |
| (९) गुरु गोविंद सिंह | ४१३-१७ |
| (१०) संत बुल्लेशाह | ४१७-२० |
| (१४) संत गुलाल साहूब | ४२०-२६ |
| (१२) संत जगजीवन दास (सत्तनामी) | ४२७-३६ |
| (१३) संत दीन दरवेश | ४३६-३७ |
| ( १४) बाबा किनाराम | ४३७-४० |
| (१५) संत दूलनदास | ४४०-४५ |
| (१६) संत दरिया साहब (मारवाड़ी) | ४४५-५२ |
| ( १७) संत गरीब दास | ४५२-६२ |
| (१८) संत दरियादास (बिहार) | ४६२-७० |
| (१९) संत चरणदास | ४७०-७९ |
| (२०) संत शिवनारायण साहब | ४७९-८६ |
| (२१) संत भीमा साहब | ४८६-५०० |
| (२२) संत सहजोबाई | ५००-०३ |
| (२३) संत दयाबाई | ५०३-०५ |
| (२४) संत रामचरन | ५०५-१० |
| ४. आधुनिक युग (सं॰ १८५०—) | |
| (१) सामान्य परिचय | |
| (२) संत रामरहसदास | ५१४-१६ |
| (३) संत पलटू साहब | ५१६-३६ |
| (४) संत तुलसी साहिब | ५३६-४५ |
| (५) साधु निश्चलदास | ५४५-४६ |
| विषय | पृष्ठ-संख्या |
| (६) संत शिवदयाल | ५४६-५४ |
| (७) संत सालिगराम | ५५४-६५ |
| (८) स्वामी रामतीर्थ | ५६५-६८ |
| परिशिष्ट | |
| पारिभाषिक शब्दावली | ५७०-७४ |
| सहायक साहित्य | ५७६-७९ |
संत कबीर
(कँवर संग्राम सिंह के सौजन्य से)