पृष्ठ:चाँदी की डिबिया.djvu/१७९

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दृश्य १ ]
चांदी की डिबिया
 

मैजिस्ट्रेट

[ चंदवे के नीचे अपनी जगह पर आकर ]

तुम कहते हो कि माँ मारी मारी फिरती है। तुम्हारे पास क्या सबूत है?

दारोग़ा

हज़ूर, उसका शौहर यहां मौजूद है।

मैजिस्ट्रेट

अच्छी बात है। उसे पेश करो।

[ लिवेंस का नाम पुकारा जाता है। मैजिस्ट्रेट आगे झुक जाता है और कठोर दया से लड़कियों की ओर देखता है। लिवेंस अंदर आता है। उसके बाल खिचड़ी हो गए हैं। कालर की जगह गुलूबन्द लगाए हुए है। वह गवाहों के कठघरे के पास खड़ा होजाता है। ]

अच्छा, तुम इनके बाप हो? तो तुम इन लड़कियों को घर में क्यों नहीं रखते? यह क्या बात है कि तुम इनको इस तरह सड़कों पर फिरने के लिए छोड़ देते हो?

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