पृष्ठ:चाँदी की डिबिया.djvu/४१

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दृश्य ३ ]
चाँदी की डिबिया
 

वार्थिविक

[ उसे देखकर ]

तुम इतने सस्ते छूटने के लायक़ नहीं हो।

जैक

क्या अभी आप मुझे काफ़ी नहीं कोस चुके!

मिसेज़ बार्थिविक

क्यों उसे दिक़ करते हो जॉन? कुछ नाश्ता कर लेने दो।

बार्थिविक

अगर मैं न होता तो जानते हो तुम्हारी क्या दशा होती? यह संयोग की बात है----मान लो तुम किसी गरीब आदमी या क्लर्क के बेटे होते। ऐसा चेक भुनाना जिसे तुम जानते हो कि चल न सकेगा, क्या कोई मामूली बात है! तुम्हारी सारी ज़िंदगी बिगड़

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